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"आरक्षण: 70 साल" किताब का विमोचन भोपाल में 19 अगस्त को समन्वय भवन



भोपाल । आरक्षण की जमीनी स्तर पर क्या हैं हकीकत ? जानना चाहते हैं तो इस किताब को सभी समाज को एक बार पढ़ना जरूर चाहिए। इस किताब को पढ़ने के बाद कई ऐसी सच्चाइया सामने आएगी जिससे देश मे आज हो रहे आपसी सामाजिक द्वेष की समाप्ति हो सकती हैं।

लेखिका के द्वारा दी गयी जानकारी के अनुसार :-
यह किताब समाज में फैले जाति व्यवस्था और आरक्षण से संबंधित भ्रम को दूर करने के उद्देश्य से लिखी गई है। यह किताब पूरे 1 साल के शोध का निष्कर्ष है जो भारतीयों को अतीत और वर्तमान के कुछ तथ्यों को उजागर कर इस मृग मरीचिका से निकलने में सहायता प्रदान करेगा। किताब के पूरे 16 चैप्टर का संक्षिप्त विवरण निम्नानुसार है।

1. अतीत वह नहीं जो ये कहते हैं - भारतीय युवाओं को उनके पूर्वजों का हवाला देकर भड़काया जाता है जो कहानियां,जो तथ्य और तर्क दिए जाते हैं उनका विश्लेषण कर कुछ ऐसी बातों को उजागर किया है जिससे भारत के युवा भ्रम से बाहर निकल कर आपसी द्वेष त्याग दें।

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2. अछूत कौन है -भारत में अछूत जातियों का जन्म कब और क्यों हुआ यह बात अधिकांश लोग नहीं जानते। लोगों को लगता है कि अछूत जातियां पौराणिक काल से है जिन पर तभी से अत्याचार होता आ रहा है जबकि सच कुछ और है। साथ ही इस चैप्टर में दलित सवर्ण विवाह के तर्क का विस्तार से विश्लेषण किया गया है। 3. छात्रों से भेदभाव क्यों - आरक्षण सिर्फ जाति देखता है उसका अमीरी या गरीबी से कोई ताल्लुक नहीं है। शिक्षा के क्षेत्र में छात्रों के साथ होने वाला भेदभाव आर्थिक अवस्था को देखकर नहीं जाति देखकर किया जाता है। इस कारण छात्रों में आपसी द्वेष उत्पन्न होता है।

 4 विदेशी मूल निवासी का सच- माइकल बामशाद की डीएनए रिपोर्ट जो ब्राह्मण, क्षत्रिय और वैश्य को विदेशी सिद्ध करती है उसका वह सच उजागर किया गया है जिसे बहुत कम लोग जानते हैं।

5 शोषित का भड़काऊ भाषण- सार्वजनिक तौर पर दलितों की एक बड़ी संख्या को अपने भाषण द्वारा आरक्षण और सवर्ण जातियों के प्रति झूठे तथ्यों द्वारा भड़काया गया। उस भाषण की सभी मिथ्याओं का सच उजागर किया गया है।

6 क्या जातियां सिर्फ हिंदुओं में - जाति व्यवस्था सिर्फ हिंदुओं में नहीं बल्कि सभी धर्मों में है। मुस्लिम धर्म में 70% मुस्लिम दलित है ठीक हिंदुओं की तरह। इस चैप्टर में उत्तर प्रदेश के 14 जिलों के 7000 से ज्यादा मुस्लिम घरों का सर्वेक्षण है जो यह साबित करता है कि मुस्लिम दलित भी छुआछूत का शिकार होते हैं।

7 ये हैं वास्तविक दलित -ग्रामीण तथा शहरी दोनों क्षेत्रों की दलित बस्तियों का सर्वे कर उनके हालातों का वर्णन किया है। बस्ती वालों के लिए आरक्षण बना ही नहीं है क्योंकि इनके बच्चे आठवीं के बाद पढ़ ही नहीं पाते।
8 हरिजन एक्ट का सच - जिस तरह दहेज प्रताड़ना के झूठे केस लगाए जाते हैं और निर्दोषों को सजा होती है ठीक वैसे ही एससी एसटी एक्ट में भी लगाए जाते हैं इस चैप्टर में कुछ ऐसे उदाहरण लिखे गए हैं जो इस एक्ट दुरुपयोग को बताते है।

9 क्यों कचोटता है युवाओं का मन- बार-बार प्रतियोगी परीक्षाओं में असफल होने से युवाओं के अंतर्मन का द्वंद और विषम परिस्थितियों को उजागर करती अखिल नाम के लड़के की एक कहानी।

10 योग्यता क्या होती हैं - योग्यता के हनन को विस्तार से समझाया गया है। कुछ भारतीय युवाओं के साक्षात्कार शामिल कर उनकी असफलताओं पर उनके विचार लिखे गए हैं। जो युवा आरक्षण के कारण कम अंक वालों से हार जाते हैं वे क्या सोचते हैं?

11 छुआछूत का कारण- न जाति, न धर्म, न वर्ग और न ही मांसाहार, छुआछूत का कारण है सिर्फ अस्वच्छ कार्य। इस तथ्य का विस्तार से वर्णन किया गया है।

12 आर्थिक आरक्षण का फार्मूला- एक ऐसा फार्मूला जिसे यदि भारत सरकार अपना ले तो आरक्षण से कोई देशवासी नफरत नहीं करेगा। आर्थिक आरक्षण लागू करने में आने वाली सभी समस्याओं का हल इस चैप्टर में है।

13 शिक्षक भर्ती में बंद हो आरक्षण- आरक्षण का कोटा पूरा करने के लिए माइनस मार्क्स वाले शिक्षकों की भर्ती की जा रही है। यही कारण है कि इस देश के गरीब बच्चे ऐसे शिक्षकों से पढ़कर कभी आगे नहीं बढ़ पाते और मजदूरी उनका अंतिम विकल्प बचता है।

14 सोशल मीडिया पर शोर- सोशल मीडिया पर की जाने वाली आरक्षण संबंधी अभिव्यक्तियां जो भारतीय जनमानस की सोच उजागर करती है और आरक्षण को सुविधा नहीं स्वार्थ के रूप में प्रकट करती हैं ,उनका विश्लेषण किया गया है।

15 हकीकत दिखती क्यों नहीं- आरक्षण को लेकर जो गंदा खेल खेला जा रहा है भोली भाली जनता को वह दिखता नही है। आरक्षण की आड़ में भारत को तोड़ा जा रहा है और गंदी राजनीति खेली जा रही है जो एक कड़वा सच है।

16 गटर में डूबती जिंदगी- एक वास्तविक दलित की कहानी जो अपने परिवार के पोषण के लिए गटर के काले गंदे पानी में उतरता है और छुआछूत भेदभाव का शिकार होता है। आरक्षण उसके लिए बना ही नहीं।

आरक्षण : 70 साल किताब का विमोचन , 19 अगस्त 2018 को 12 बजे से 4 बजे तक समन्वय भवन न्यू मार्केट में किया जाएगा जहाँ पर आरक्षण समर्थक ओर आरक्षण विरोध, सभी को लेखिका ने सादर आमंत्रित किया हैं।









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