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जम्मू-कश्मीर को लेकर गौतम गंभीर ने शाहिद अफरीदी पर कसा तंज | Sports News



नई दिल्ली : जम्मू-कश्मीर का विशेष राज्य का दर्जा समाप्त करने पर अब पाकिस्तान के पूर्व ऑलराउंडर शाहिद अफरीदी और टीम इंडिया के पूर्व ओपनर गौतम गंभीर आमने-सामने आ गए हैं. अफरीदी ने मोदी सरकार के इस अहम फैसले पर सवाल उठाए तो अब गंभीर ने यह कहकर अफरीदी पर निशाना साधा है कि मानवाधिकारों का सबसे ज्यादा उल्लंघन पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में ही होता है.

पाकिस्‍तान के पूर्व क्रिकेटर शाहिद अफरीदी ने सोमवार को संयुक्‍त राष्‍ट्र (यूएन) से इस मामले में दखल देने की मांग की थी. अफरीदी ने कहा, 'कश्‍मीर के लोगों को संयुक्‍त राष्‍ट्र के प्रस्‍ताव के तहत उनके अधिकार दिए जाने चाहिए. यूएन को क्यों बनाया गया है. क्या वह सो रहा है? कश्‍मीरियों को संयुक्‍त राष्‍ट्र प्रस्‍ताव के तहत उनके अधिकार दिए जाने चाहिए. जैसे हम सबके पास आजादी का अधिकार है वैसे ही. कश्‍मीर में मानवता के खिलाफ जो बिना उकसावे के अपराध और दखलअंदाजी की जा रही है उसे देखना जरूरी है.'

इस पर भाजपा सांसद गौतम गंभीर ने अफरीदी को करारा जवाब दिया है. उन्होंने कहा, 'अफरीदी ने एकदम सही बात बोली है. मानवता के खिलाफ बिना उकसावे के अपराध और दखलअंदाजी हो रही है. इस मुद्दे को उठाने के लिए उनकी प्रशंसा की जानी चाहिए. बस वह यह बताना भूल गए कि सभी तरह के मानवाधिकारों का उल्लंघन पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में हो रहा है. कोई बात नहीं, हम जल्द ही इसका समाधान कर देंगे.' बता दें कि गंभीर और अफरीदी मैदान पर भी कई बार एक-दूसरे से भिड़ चुके हैं.


सोमवार को जम्‍मू-कश्‍मीर से अनुच्‍छेद 370 हटाया गया. इस संबंध में राज्‍य सभा में जम्‍मू-कश्‍मीर पुनर्गठन बिल पास कर दिया. साथ ही जम्‍मू-कश्‍मीर के अब दो हिस्‍से होंगे. जम्‍मू-कश्‍मीर और लद्दाख दो अलग-अलग केंद्रशासित प्रदेश होंगे.

बता दें कि अफरीदी पहले भी कश्‍मीर को लेकर बयान देते रहे हैं. उन्‍होंने स्‍वतंत्र कश्‍मीर का प्रस्‍ताव भी रखा था. पहले उन्‍होंने लंदन में छात्रों से बात करते हुए कहा था, 'मेरा कहना है कि पाकिस्‍तान को कश्‍मीर नहीं चाहिए. इसे इंडिया को भी मत दो. कश्‍मीर को अलग आजाद रहने दो. कम से कम मानवता जिंदा रहेगी. लोगों को मारो तो मत.' उन्‍होंने आगे कहा था, 'पाकिस्‍तान को कश्‍मीर नहीं चाहिए. यह अपने चार हिस्‍सों को नहीं संभाल पा रहा है.'

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